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#सीहोर – खिताबी मुकाबले में भाभा यूनिवर्सिटी ने एसआरके यूनिवर्सिटी को दस विकेट से हराया

#सीहोर - खिताबी मुकाबले में भाभा यूनिवर्सिटी ने एसआरके यूनिवर्सिटी को दस विकेट से हराया

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खिताबी मुकाबले में भाभा यूनिवर्सिटी ने एसआरके यूनिवर्सिटी को दस विकेट से हराया

 

सीहोर। शहर के पुराने हाई वे पचामा के पास स्थित श्री सत्य सांई प्रौद्योगिकी एवं चिकित्सा विज्ञान यूनिवर्सिटी में जारी स्व. श्री आरएन कपूर मेमोरियल टेनिस बाल प्रतियोगिता के एक तरफा मुकाबले में भाभा यूनिवर्सिटी ने एसआरके यूनिवर्सिटी को दस विकेट के हराकर खिताबी ट्राफी अपने नाम की। एक तरफा मुकाबले में भाभा यूनिवर्सिटी ने बिना कोई विकेट खोए इस मुकाबले को आसानी से जीत लिया।
गुरुवार को दोपहर बाद आरंभ हुए इस मुकाबले में पहले बल्लेबाजी करते हुए एसआरके यूनिवर्सिटी ने निर्धारित दस ओवर में छह विकेट के नुकसान पर मात्र 58 रन बनाए थे। इसमें गौरव ने संघर्षपूर्ण पारी खेलते हुए 28 रन बनाए। वहीं भाभा यूनिवर्सिटी के कप्तान अनूप सिंह ने शानदार गेंदबाजी करते हुए दो विकेट हासिल किए थे, इसके अलावा अंकित-मसूद ने एक-एक विकेट प्राप्त किए।
जवाब में लक्ष्य का पीछा करने उतरी भाभा यूनिवर्सिटी टीम के सलामी बल्लेबाजों ने छह ओवर में खिताबी जीत दर्ज की। इसमें भाभा यूनिवर्सिटी के सलामी बल्लेबाज दीपक ने 34 रन और रवि ने 17 रन की पारी खेली।
 कार्यक्रम के दौरान मुख्य अतिथि श्री सत्य सांई प्रौद्योगिकी एवं चिकित्सा विज्ञान यूनिवर्सिटी के वाइस चांसलर डॉ. मुकेश तिवारी, डॉ. सीके त्यागी, डॉ. मिनाक्षी पाठके, डॉ. संजय राठौर, डॉ. निलेश दिवाकर और आयोजन समिति के अध्यक्ष डॉ विजय प्रकाश आदि ने विजेता टीम के कप्तान सहित अन्य खिलाडिय़ों को पुरस्कृत किया।
खेलों से अनुशासन व आपसी भाई-चारे की भावना भी विकसित होती है
इस मौके पर मुख्य अतिथि डॉ. तिवारी ने खिलाडिय़ों का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि खेलों से अनुशासन व आपसी भाई-चारे की भावना भी विकसित होती है। खेलों से मनुष्य के व्यक्तित्व में निखार आता है और उसका शारीरिक व मानसिक विकास भी होता है। आज के परिवेश में शिक्षा के साथ-साथ खेलकूद का बड़ा महत्त्व है। इससे बच्चों में शारीरिक विकास के साथ-साथ मानसिक विकास होता है। बच्चों के विचारों में निखार आता है। बच्चों का खेल देखते हुए उन्होंने कहा कि आज इस मैदान पर सुनहरे भविष्य के संकेत भी मिलने लगे हैं। खेल को आज के बच्चे कैरियर के रूप में भी अपनाने लगे हैं।

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